Savings Account Rules 2025: बचत खाता में जरूरत से ज्यादा पैसों का लेन-देन न करें, वरना आपको आयकर विभाग से नोटिस मिल सकता है, जानिए पूरी जानकारी।
Savings Account Rules 2025: अगर आपके खाते में तय सीमा से ज्यादा पैसा है तो आप आयकर विभाग की नजर में आ सकते हैं। अभी भी कई लोगों को इसकी जानकारी नहीं है। बचत खाते को लेकर आयकर विभाग के कुछ नियम हैं। जरूरत से ज्यादा जानकारी देनी होगी। आर्थिक विशेषज्ञों के मुताबिक एक वित्तीय वर्ष में बचत खाते में जमा की गई कुल राशि 10 लाख रुपये से ज्यादा होती है। अगर आप तय सीमा से ज्यादा पैसे जमा करते हैं तो आपको इसकी सूचना आयकर विभाग को देनी होगी। Savings Account Rules
बचत खाता नए रूल्स देखने के लिए
वहीं आयकर अधिनियम की धारा 269एसटी के मुताबिक खाताधारक एक दिन में 2 लाख रुपये तक का लेन-देन कर सकता है। अगर वह इस सीमा से ज्यादा लेन-देन करता है तो उसे बैंक को इसकी वजह बतानी होगी। बैंकाही याचिकाकर्ता ने दी जानकारी नियमों के मुताबिक अगर कोई व्यक्ति एक दिन में 50 हजार रुपये या इससे ज्यादा जमा करता है तो उसे बैंक से इसे निकालना होता है। Savings Account Rules 2025
बचत खाता
ऐसा नहीं करने पर खाताधारक को अपना पंचनामा नहीं देना होता। अगर खाताधारक के पास पैन नहीं है तो उसे फॉर्म 60 या 61 जमा करना होगा। उस समय 10 लाख रुपये से अधिक के लेनदेन को हाई वैल्यू लेनदेन माना जाता है। बैंक ऐसे लेनदेन की सूचना आयकर विभाग को देते हैं। Earn Money
नोटिस मिलने के बाद क्या करना चाहिए?
Savings Account Rules 2025: कई बार किसी कारणवश आप ऐसा व्यवहार करते हैं और आयकर विभाग को इसकी जानकारी नहीं देते। सवाल उठता है कि ऐसी स्थिति में आपको क्या करना चाहिए? जब आपको ऐसा नोटिस मिले तो आपको उसका जवाब देना चाहिए।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की नई लिस्ट जारी, इन 7 राज्यों के किसान को मिलेगा लाभ, देखे लिस्ट
नोटिस के जवाब के साथ ही संबंधित दस्तावेजों की जानकारी ही दें। या दस्तावेजों में स्टेटमेंट, स्वामित्व की पुस्तकें या संपत्ति आदि शामिल हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, अगर आपको नोटिस का जवाब देने या दस्तावेजों को लेकर कोई परेशानी है तो आप वित्तीय सलाहकार से सलाह ले सकते हैं।
नकद जमा सीमा
- अगर आप वित्तीय वर्ष के दौरान अपने बचत खाते में ₹10 लाख से ज़्यादा नकद जमा करते हैं,
- तो यह आयकर विभाग की जांच के दायरे में आ सकता है.
- यह सीमा व्यक्तिगत खातों के लिए है.
- अगर आप बार-बार छोटी-छोटी रकम में भी ₹10 लाख तक की रकम जमा करते हैं,
- तो यह भी निगरानी के दायरे में आता है.
चालू खाते के लिए अलग नियम
- अगर आप चालू खाते का इस्तेमाल करते हैं, तो नकद जमा की सीमा ₹50 लाख तक है.
- चालू खाते का इस्तेमाल आम तौर पर व्यवसायी करते हैं, इसलिए इसमें सीमा ज़्यादा होती है.
नकद निकासी पर भी नज़र
- अगर आप बचत खाते से एक बार में या पूरे साल में ₹10 लाख से ज़्यादा नकद निकालते हैं,
- तो आयकर विभाग इस पर भी ध्यान देता है.
- इससे बचने के लिए हमेशा डिजिटल लेन-देन को प्राथमिकता दें.